कॉलेज की यादें: एक समय जो बीत चुका
कॉलेज की यादें मैं स्कूल पास करके पहली बार कॉलेज मे प्रवेश लिया |मेरा पहला ही दिन था कॉलेज मे और यह दिन मेरे लिए एक दम अलग था क्योंकी अब तक मैं एक स्कूल का विद्यर्थी था | स्कूल का माहोल कॉलेज के माहोल से एक दम अलग था| जहाँ स्कूल मे सख्ती होती थी वही अब कॉलेज मे स्वतन्त्रता | मैं कॉलेज के अपने पहले दिन कक्षा मे अकेला बेठा रहा क्योंकी तब मेरी किसी के साथ कोई दोस्ती नहीं थी| कक्षा के सभी विद्यर्थी मेरे लिए अंजान थे| मैं विज्ञान वर्ग का विद्यर्थी था और मेरी कक्षा मे ज्यादा विद्यर्थी नहीं थे| मेरी कक्षा मे हम कुल 6 ही विद्यर्थी थे जिनमें 3 लड़किया थी और 3 हम लड़के थे| हालांकि कला वर्ग मे विद्यर्थियो की संख्या अच्छी थी|जैसे -जैसे कॉलेज के दिन बितते गये हम लोग एक दूसरे के अच्छे दोस्त बनते चले गये| मेरी क्लास की तीनो लड़कियों का नाम तनु , निशा, आराध्या था और लड़कों का नाम मयंक और इरफान था | मैं शुरू से ही लड़कियों से बाते करने मे शंका करता था इसलिए कॉलेज के शुरुआती दिनों मे मेरी दोस्ती केवल लड़को से थी| मयंक और इरफान मेरे अच्छे दोस्त बन चुके थे| अब हम तीनों अपने कॉलेज का ...